Council Haryana राज्य उच्च शिक्षा परिषद द्वारा आरटीआई के दुरुपयोग को
  • About Us
  • Advertisements
  • Terms
  • Contact Us
Wednesday, April 1, 2026
Nav Times News
  • Home
  • चंडीगढ़
  • राज्य
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • दिल्ली
    • उत्तरप्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • महाराष्ट्र
    • जम्मू & कश्मीर
    • हिमाचल प्रदेश
  • राष्ट्रिय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • मनोरंजन
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
  • व्यापार
  • ऑटोमोबाइल्स
  • टेक्नोलॉजी
  • ज्योतिष
  • वीडियो Video
  • चमकते सितारे
  • Blogs
  • Home
  • चंडीगढ़
  • राज्य
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • दिल्ली
    • उत्तरप्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • महाराष्ट्र
    • जम्मू & कश्मीर
    • हिमाचल प्रदेश
  • राष्ट्रिय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • मनोरंजन
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
  • व्यापार
  • ऑटोमोबाइल्स
  • टेक्नोलॉजी
  • ज्योतिष
  • वीडियो Video
  • चमकते सितारे
  • Blogs
No Result
View All Result
Nav Times News
No Result
View All Result
Home राज्य हरियाणा

Haryana राज्य उच्च शिक्षा परिषद द्वारा आरटीआई के दुरुपयोग को कम करने के लिए किया गया कार्यशाला का आयोजन|

कार्यशाला में राज्य द्वारा पोषित विश्वविद्यालयों के पीआईओ और अपीलेट अधिकारियों ने लिया भाग|

नवटाइम्स न्यूज़ by नवटाइम्स न्यूज़
January 4, 2023
in हरियाणा
0
Council

पंचकूला, 4 जनवरी – हरियाणा राज्य उच्च शिक्षा परिषद (एचएसईसी) द्वारा (Council) पंचकूला में आरटीआई के दुरुपयोग को कम करने के लिए एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यशाला को संबोधित करते हुए एचएसईसी के अध्यक्ष प्रो. बृज किशोर कुठियाला ने कहा कि सूचना का अधिकार कानून नागरिकों को सरकार की गतिविधियों के बारे में जानकारी देने के लिए एक बड़ा महत्वपूर्ण कदम है। इस कानून के कारण एक आम नागरिक को यह अधिकार मिला है कि वह किसी भी सरकारी विभाग से जानकारी प्राप्त कर सकता है। यह भ्रष्टाचार के खिलाफ एक बड़ा कदम है, जो सरकार के काम या प्रशासन में और भी पारदर्शिता लाने का काम करता है। लेकिन आरटीआई का गलत माध्यमों के लिए दुरुपयोग नहीं किया जाना चाहिए।

प्रो. बृज कुठियाला ने सुझाव दिया कि परिषद् में एक समिति गठित की जा सकती है। इसमें पीआईओ, प्रथम अपीलेट अधिकारियों, सूचना अधिकार कार्यकर्ता, अधिवक्ता शामिल होंगे। (Council) यह समिति सूचना अधिकार से संबंधित समस्याओं पर राज्य के विश्वविद्यालयों को सलाह देगी।

ये भी पड़े – BSSC परीक्षा का पेपर हुआ लीक, इसको लेकर छात्रों ने किया प्रदर्शन, परीक्षा रद करने की मांग पर पुलिस का लाठीचार्ज|

कार्यशाला में एचएसएचईसी के उपाध्यक्ष डॉ. कैलाश चंदर शर्मा,  एचएसएचईसी विशेषज्ञ वक्ता अजय जग्गा, वरिष्ठ अधिवक्ता, पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय और पूर्व मुख्य सचिव और पूर्व राज्य सूचना आयुक्त हरियाणा उर्वशी गुलाटी ने 15 राज्य द्वारा पोषित विश्वविद्यालयों के जन सूचना अधिकारियों (पीआईओ) और प्रथम अपीलेट अधिकारियों को संबोधित किया।

डॉ. कैलाश चंदर शर्मा ने सूचना का अधिकार (आरटीआई) अधिनियम, 2005 (Council) के लाभों को रेखांकित करते हुए कहा कि यह नागरिकों को उनके सवालों के जवाब पाने और बेहतर जानकार नागरिकों का निर्माण करने का अधिकार देता है । उन्होंने कहा कि आरटीआई का उपयोग ब्लैकमेलिंग और दुरुपयोग के इरादे से नहीं किया जाना चाहिए और इस बात पर जोर दिया कि आरटीआई अधिनियम की प्रक्रिया पीआईओ और प्रथम अपीलेट अधिकारियों को अच्छी तरह से समझा लेना चाहिए।

अजय जग्गा, वरिष्ठ अधिवक्ता, पंजाब और हरियाणा उच्च न्यायालय ने प्रतिभागियों को सूचना का अधिकार (आरटीआई) अधिनियम, 2005 का अर्थ, उद्देश्य, महत्वपूर्ण प्रावधान और सर्वोच्च न्यायालय के कुछ महत्वपूर्ण निर्णय बताते हुए आरटीआई अधिनियम के बारे में विस्तार से जानकारी दी। (Council) उन्होंने कहा कि केवल यथार्थ आरटीआई आवेदनों पर ही आगे कार्रवाई की जानी चाहिए। उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि कुछ सामान्य मुद्दों के लिए राज्य सरकार द्वारा मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) बनाई जा सकती है ।

ये भी पड़े –  क्या आप कलाकार बनाना चाहते है ? क्या आप फिल्म जगत में अपना नाम बनाना चाहते है?

उर्वशी गुलाटी ने समापन उद्बोधन में सूचना के अधिकार अधिनियम की महत्ता पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह लोकहित और पारदर्शी व जीवंत लोकतंत्र का एक महत्त्वपूर्ण स्तंभ है। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों के बुनियादी नियम सार्वजनिक होने चाहिएं। संस्थाएं जितनी पारदर्शी होंगी उनमें उतने ही कम सूचना के अधिकार से संबंधित मामले आयेंगे और संस्थाओं का इस माध्यम से उत्पीड़न भी कम होगा। (Council) उन्होंने कहा कि पीआईओ और प्रथम अपीलेट अधिकारियों को सूचना के अधिकार अधिनियम के बारे में जागरूकता व जानकारी रखनी चाहिए और मामलों को संभालते समय लोकहित को दृष्टि में रखना चाहिए। अधिनियम में इसके गलत इस्तेमाल से बचने के प्रावधान हैं। उन्होंने ये सुझाव दिया की पीआईओ और प्रथम अपीलेट अधिकारियों को सुझाव व सलाह देने से बचना चाहिए।

Tags: Chandigarh tricity News By NavTimes न्यूज़Dr. Kailash Chander SharmaHaryanaHaryana State Higher Education Council (HSEC)NavtimesNavtimes न्यूज़NTN newsPanchkulaWorkshop organized by Haryana State Council
Advertisement Banner Advertisement Banner Advertisement Banner
नवटाइम्स न्यूज़

नवटाइम्स न्यूज़

Recommended

Gorakhpur Rape Case

सामान खरीदने गई किशोरी से सामूहिक दुष्कर्म, दोस्त समेत पांच युवकों पर आरोप|

3 years ago
Tushar Khanna

Tushar Khanna : एक सच्चा यात्रा उत्साही, जाने तुषार की बैंकॉक और थाईलैंड यात्रा का अनुभव|

3 years ago
Facebook Twitter Instagram Pinterest Youtube Tumblr LinkedIn

Nav Times News

"भारत की पहचान"
+91 (783) 766-7000
Email: navtimesnewslive@gmail.com
Location : India

Follow us

Recent News

Bajaj Finserv Personal Loan Calculator

Plan Your Finances and EMIs Easily with a Bajaj Finserv Personal Loan Calculator in 2026

March 31, 2026
Ghaziabad

Ghaziabad- Tallest Residential Development Saya Gold Avenue Fully Sold Out

March 30, 2026

Click on poster to watch

Bhaiya ji Smile Movie
Bhaiya ji Smile Movie

© 2021-2026 All Right Reserved by NavTimes न्यूज़ . Developed by Msasian Entertainment (MS GROUPE)

No Result
View All Result
  • Home
  • चंडीगढ़
  • राज्य
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • दिल्ली
    • उत्तरप्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • महाराष्ट्र
    • जम्मू & कश्मीर
    • हिमाचल प्रदेश
  • राष्ट्रिय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • मनोरंजन
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
  • व्यापार
  • ऑटोमोबाइल्स
  • टेक्नोलॉजी
  • ज्योतिष
  • वीडियो Video
  • चमकते सितारे
  • Blogs

© 2021-2026 All Right Reserved by NavTimes न्यूज़ . Developed by Msasian Entertainment (MS GROUPE)