• Home
  • चंडीगढ़
  • राज्य
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • दिल्ली
    • उत्तरप्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • महाराष्ट्र
    • जम्मू & कश्मीर
    • हिमाचल प्रदेश
  • राष्ट्रिय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • मनोरंजन
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
  • व्यापार
  • ऑटोमोबाइल्स
  • टेक्नोलॉजी
  • ज्योतिष
  • वीडियो Video
  • चमकते सितारे
  • Blogs
Thursday, August 20, 2026
  • Home
  • चंडीगढ़
  • राज्य
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • दिल्ली
    • उत्तरप्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • महाराष्ट्र
    • जम्मू & कश्मीर
    • हिमाचल प्रदेश
  • राष्ट्रिय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • मनोरंजन
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
  • व्यापार
  • ऑटोमोबाइल्स
  • टेक्नोलॉजी
  • ज्योतिष
  • वीडियो Video
  • चमकते सितारे
  • Blogs
  • Home
  • चंडीगढ़
  • राज्य
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • दिल्ली
    • उत्तरप्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • महाराष्ट्र
    • जम्मू & कश्मीर
    • हिमाचल प्रदेश
  • राष्ट्रिय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • मनोरंजन
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
  • व्यापार
  • ऑटोमोबाइल्स
  • टेक्नोलॉजी
  • ज्योतिष
  • वीडियो Video
  • चमकते सितारे
  • Blogs
No Result
View All Result
Nav Times News
No Result
View All Result
Home राष्ट्रिय

अग्निपथ स्कीम के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में पीआईएल, समीक्षा की मांग

by नवटाइम्स न्यूज़
June 18, 2022
in राष्ट्रिय
सुप्रीम कोर्ट

नई दिल्ली। सैन्य भर्ती की नई योजना ‘अग्निपथ’ को लेकर देश भर में हो रहे उग्र प्रदर्शन जारी है। इन प्रदर्शनों की विशेष जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट में शनिवार को याचिका दायर हुई है। इसमें विशेष जांच टीम (Special Investigation Team, SIT) गठित करने की मांग की गई है। साथ ही इस हिंसक प्रदर्शन के दौरान रेलवे समेत सार्वजनिक संपत्तियों को हुए नुकसान की जांच की भी मांग है।

सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के खिलाफ हैं राज्यों में हिंसक प्रदर्शन

केंद्र सरकार की सैन्य भर्ती की नई योजना ‘अग्निपथ’ के खिलाफ विभिन्न राज्यों में व्यापक हिंसक प्रदर्शन और सार्वजनिक संपत्तियों को नुकसान न सिर्फ कानून के मूल सिद्धांतों बल्कि ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए सुप्रीम कोर्ट द्वारा विभिन्न फैसलों के जरिये जारी निर्देशों के भी खिलाफ है। ऐसे हिंसक प्रदर्शनों पर अतीत में सुप्रीम कोर्ट की टिप्पणी थी, ‘किसी को भी कानून का स्वयंभू संरक्षक बनने और दूसरों पर कानून की अपनी व्याख्या जबरन, खासकर हिंसक तरीकों से थोपने का अधिकार नहीं है।’ इस संदर्भ में सुप्रीम कोर्ट ने पिछले कुछ वर्षों में कुछ महत्वपूर्ण निर्देश भी जारी किए हैं, जिनमें संपत्तियों को नुकसान पहुंचाने वाले हिंसक विरोध प्रदर्शनों में शामिल संगठनों के नेताओं पर अभियोग चलाना, ऐसी घटनाओं पर हाई कोर्टो से स्वत: संज्ञान लेने के लिए कहना और पीड़ितों को मुआवजा प्रदान करना शामिल हैं।

पिछले कुछ वर्षों में जबकि सरकारी नीतियों, फिल्मों के प्रदर्शन, सामाजिक कार्यक्रमों आदि को निशाना बनाने वाली हिंसा की घटनाओं में व्यापक वृद्धि हुई है, ऐसे में शीर्ष अदालत ने अधिकारियों से सार्वजनिक और निजी संपत्तियों को नुकसान पहुंचाने वालों की जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए कहा है। प्रिवेंशन आफ डैमेज टू पब्लिक प्रापर्टी ([पीडीपीपी)] एक्ट, 1984 जैसा विशेष कानून अमल में होने, लेकिन उसमें कड़े प्रविधानों के अभाव की वजह से शीर्ष अदालत ने 2007 में व्यापक हिंसा और सार्वजनिक संपत्तियों को नुकसान की घटनाओं पर स्वत: संज्ञान लिया था और दो समितियों का गठन कर अपनी सिफारिशें सौंपने को कहा था। 16 अप्रैल, 2009 को शीषर्ष अदालत के सेवानिवृत्त न्यायाधीश केटी थामस और प्रख्यात कानूनविद एफएस नरीमन की अध्यक्षता वाली दोनों समितियों की सिफारिशों पर संज्ञान लिया था। शीर्ष अदालत का कहना था कि सुझाव बेहद महत्वपूर्ण हैं और उनमें पर्याप्त दिशा-निर्देश हैं जिन्हें अपनाने की जरूरत है।

Tags: Agnipanth SITAgnipath Recruitment SchemeAgnipath Supreme CourtHPCommonManIssuesnationalnewsPlea fir SITSupreme Court
Advertisement Banner Advertisement Banner Advertisement Banner
नवटाइम्स न्यूज़

नवटाइम्स न्यूज़

Digital Head @ Nav Times News

Recommended

अंसल ग्रुप

ईडी ने अंसल ग्रुप पर कसा शिकंजा, पुलिस समेत कई विभागों से मांगी जानकारी

4 years ago
DHL

DHL एक्सप्रेस ने दिवाली पर भारत के अंतर्राष्ट्रीय शिपमेंट के लिए दी 50% तक की छूट

2 years ago
Facebook Twitter Instagram Pinterest Youtube Tumblr LinkedIn

Nav Times News

"भारत की पहचान"
+91 (783) 766-7000
Email: navtimesnewslive@gmail.com
Location : India

Follow us

Recent News

Three Years Strong: Bajaj Finserv Flexi Cap Fund Records 18.21% CAGR Since Inception Under Direct-Growth Plan

Three Years Strong: Bajaj Finserv Flexi Cap Fund Records 18.21% CAGR Since Inception Under Direct-Growth Plan

August 19, 2026

Rodic Consultants Partners with Nasscom to Launch National InfraAI Innovation Challenge for Smarter Infrastructure

August 19, 2026

Click on poster to watch

Bhaiya ji Smile Movie
Bhaiya ji Smile Movie

© 2021-2026 All Right Reserved by NavTimes न्यूज़ . Developed by Msasian Entertainment (MS GROUPE)

No Result
View All Result
  • Home
  • चंडीगढ़
  • राज्य
    • पंजाब
    • हरियाणा
    • दिल्ली
    • उत्तरप्रदेश
    • उत्तराखंड
    • राजस्थान
    • महाराष्ट्र
    • जम्मू & कश्मीर
    • हिमाचल प्रदेश
  • राष्ट्रिय
  • अंतर्राष्ट्रीय
  • मनोरंजन
  • खेल
  • लाइफस्टाइल
  • व्यापार
  • ऑटोमोबाइल्स
  • टेक्नोलॉजी
  • ज्योतिष
  • वीडियो Video
  • चमकते सितारे
  • Blogs

© 2021-2026 All Right Reserved by NavTimes न्यूज़ . Developed by Msasian Entertainment (MS GROUPE)